इस उम्र में प्‍यार...




इस उम्र में प्‍यार 
अब इस उम्र में
प्‍यार एक और
मोड़ लेता है।
मैं उसके
गठिया के
दर्द का हाल पूछता हूँ
वह मेरी
दमा की दवा
तलाश करती है।

हाल चाल
शुभचिंतक
मेरा हाल पूछते हैं
बेटी की शादी हुई ?
बेटा काम से लगा ?

कोई नहीं पूछता
बेटे का ब्‍याह हुआ ?
बेटी किस पद पर कार्यरत है ?

अगर आपको 'हमराही' का यह प्रयास पसंद आया हो, तो कृपया फॉलोअर बन कर हमारा उत्साह अवश्य बढ़ाएँ

7 टिप्‍पणियॉं:

sushma 'आहुति' ने कहा…

बहुत खुबसूरत....

वन्दना ने कहा…

दोनो रचनाये बहुत सुन्दर्।

संगीता पुरी ने कहा…

वाह ..

बहुत खूब !!
वैसे आनेवाले दिनों में जरूर पूछेंगे !!

अभिषेक मिश्र ने कहा…

सार्थक रचनायें.

आशा जोगळेकर ने कहा…

दोनों ही कविताएं सुंदर, पर हालचाल तो बस कमाल है ।

Indranil Bhattacharjee ........."सैल" ने कहा…

बहुत सुन्दर कवितायेँ ... समाज को आइना दिखाती ...

Ram Swaroop Verma ने कहा…

बेटा-बेटी का फर्क, कर रहा है समाज का बेडा गर्क| कम लफ़्जो मे बडी बात कह दी वाह!

सर्वाधिक लोकप्रिय रचनाएं